Ravichandran Ashwin IPL Retirement: 16 सीजन, 221 मुकाबले और 187 विकेट के बाद, रविचंद्रन अश्विन ने आखिरकार आईपीएल से भी विदाई ले ली। कुछ महीने पहले इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा कह चुके अश्विन ने अब इंडियन प्रीमियर लीग छोड़ने का फैसला भी पूरी साफगोई से सबके सामने रखा है। जहां कई खिलाड़ी करियर के इस मोड़ पर भी आखिरी तक खेलने का प्रयास करते हैं, वहीं अश्विन ने खुद को वक्त रहते पीछे खींच लिया एकदम अपनी शर्तों पर।
अपने यूट्यूब चैनल पर बात करते हुए अश्विन ने खुलासा किया कि उनके इस फैसले के पीछे की असली वजह थकान है। उन्होंने कहा कि अब उनके पास तीन महीने लंबे आईपीएल शेड्यूल को झेलने की हिम्मत नहीं बची है। सफर, मैच और उसके बाद की रिकवरी ये सब अब उनके लिए बोझ बनता जा रहा था। उम्र के इस पड़ाव पर जहां शरीर जवाब देने लगता है, वहीं अश्विन ने अपने अनुभव से समझदारी भरा फैसला लिया।
उन्होंने कहा, “मैं सोच रहा था कि क्या मैं अगले साल भी आईपीएल खेल पाऊंगा। सच कहूं तो अब तीन महीने तक का आईपीएल मेरे लिए बहुत थकाऊ हो चुका है। इसलिए ही मैंने यह फैसला किया।”
अश्विन ने इस दौरान एमएस धोनी की भी तारीफ की और कहा कि वह हैरान हैं कि धोनी आज भी इस उम्र में मैदान पर डटे हुए हैं। “जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है, आईपीएल खेलने की ताकत कम होती जाती है। ऐसे में धोनी का खेलते रहना कमाल की बात है,” अश्विन ने कहा।
क्या अब विदेश की लीग में दिखेंगे अश्विन? Ravichandran Ashwin IPL Retirement
आईपीएल से रिटायरमेंट का मतलब क्रिकेट से पूरी तरह अलविदा नहीं है। अश्विन ने साफ किया कि अब वह विदेशों की टी20 लीग्स में खेलने के अवसर तलाश रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह ‘द हंड्रेड’ और ‘SA20’ जैसी लीग्स में खेलने को लेकर गंभीर हैं। यहां तक कि उन्होंने एक विदेशी लीग के लिए रजिस्ट्रेशन भी कर लिया है, हालांकि उसका नाम उन्होंने फिलहाल नहीं बताया।
इस बयान के बाद क्रिकेट जगत में अटकलें लगनी शुरू हो गई हैं कि अब अश्विन इंग्लैंड या साउथ अफ्रीका में नई पारी शुरू कर सकते हैं।
कोचिंग की राह भी खुली
अश्विन ने यह भी कहा कि वह भविष्य में कोचिंग की दिशा में कदम बढ़ा सकते हैं, लेकिन यह उनकी शर्तों पर होगा। यानी जल्दबाजी या किसी भी तरह की हड़बड़ी नहीं, बल्कि जब उन्हें सही मौका और सेटअप मिलेगा, तभी वह इस जिम्मेदारी को उठाना चाहेंगे।
चेन्नई से शुरुआत, राजस्थान तक का सफर
आपको बता दें, अश्विन ने आईपीएल करियर की शुरुआत 2009 में चेन्नई सुपर किंग्स के साथ की थी। फिर वह राइजिंग पुणे सुपरजायंट, पंजाब किंग्स, दिल्ली कैपिटल्स और अंत में राजस्थान रॉयल्स के लिए खेले। पंजाब किंग्स की कप्तानी भी उन्होंने एक समय संभाली थी।
कुल 221 मैचों में अश्विन ने 187 विकेट लिए, जिसमें उनका इकॉनमी रेट 7.20 रहा, जो कि टी20 जैसे फॉर्मेट में काबिल-ए-तारीफ है। बल्लेबाजी में भी उन्होंने 833 रन बनाए और एक अर्धशतक जड़ा।
सोशल मीडिया पर भावुक विदाई
अपने रिटायरमेंट की घोषणा करते हुए अश्विन ने सोशल मीडिया पर लिखा, “हर अंत एक नई शुरुआत होता है। आज मेरा एक आईपीएल खिलाड़ी के रूप में सफर खत्म हो रहा है, लेकिन अब मैं दुनिया की दूसरी लीग्स में खेलने के नए सफर की शुरुआत कर रहा हूं।”